Sunday, 17 March 2013

   इतालियन जॉब 

 कहीं से आया था भारत के समुद्र पर,
वो इटली का जहाज, अनजाने सफ़र,
जैसे आया हो कोई भाई बहन के घर,
बहन अगर हो बड़ी नेता जो यहाँ इधर,
तो उसके भाइयों को फिर कैसा हो डर,
उनमे से दो नौसैनिक भाइयों ने हिम्मत दिखाई,
बन्दूक तान  दो गरीब मछुआरों पर गोली चलाई,
हुआ दो मासूम भारतीयों का दर्दनाक कत्ल,
इटली को क्या फिक्र जब बेटी निकलेगी हल,
हुए वो हत्यारे जब भारत में ऐसे गिरफ्तार,
जेल में नहीं, रेस्ट हाउस में हुआ उनका सत्कार,
फिर न्याय हुआ पंगु जब बहन ने  दिया दखल,
अँधा न्याय हाथ लगा खोजता रहा अपनी शक्ल,
इतालियन भाइयों के देश वापिसी का मिला आदेश,
झट से बैठे प्लेन में, पहुंचे वो हत्यारे अपने देश,
बहन के कहने से,मखौल बनी देशी न्याय पालिका,
अब तो मुल्क चलाती है जो, इतालियन बालिका,
वापिसी का वादा बना झूठा,जिसका नहीं जवाब,
इटली ने वो कर दिखाया, जिसे कहते है इतालियन जॉब ...
--मन वकील 

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